विधानसभा विशेष सत्र जनहित पर हो: कांग्रेस
देहरादून:उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने कहा कि यदि राज्य सरकार विशेष विधानसभा सत्र बुलाती है तो उसका फोकस केवल राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप या निंदा प्रस्ताव पर नहीं होना चाहिए। उन्होंने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से आग्रह किया कि प्रस्तावित विशेष सत्र जनहित के मुद्दों और महत्वपूर्ण नीतिगत निर्णयों पर केंद्रित हो।
गोदियाल ने जोर देकर कहा कि लोकतंत्र में विधानसभा सत्र जनता की समस्याओं और नीतिगत फैसलों के लिए होते हैं, न कि राजनीतिक प्रतिशोध के लिए। उन्होंने विशेष रूप से महिलाओं के सशक्तिकरण से जुड़े विषय को प्राथमिकता देने की मांग की और कहा कि महिला आरक्षण कानून को उत्तराखंड में शीघ्र लागू करने के लिए विधानसभा में ठोस प्रस्ताव लाया जाए।
कांग्रेस अध्यक्ष ने याद दिलाया कि वर्ष 2023 में संसद द्वारा पारित महिला आरक्षण कानून देश की आधी आबादी को राजनीतिक भागीदारी का संवैधानिक अधिकार देने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकारें महिलाओं के सम्मान और सशक्तिकरण की बातें तो करती हैं, लेकिन ठोस कदम उठाने के समय राजनीतिक मुद्दों में उलझ जाती हैं।
गोदियाल ने कहा कि उत्तराखंड जैसे राज्य में जहां महिलाएं सामाजिक और आर्थिक विकास की धुरी हैं, वहां महिला आरक्षण पर देरी या चुप्पी चिंताजनक है। प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने मांग की है कि प्रस्तावित विशेष सत्र को जनहित और महिला सशक्तिकरण के एजेंडे पर केंद्रित किया जाए तथा महिला आरक्षण कानून को सर्वसम्मति से लागू करने का प्रस्ताव पारित किया जाए।