SGRR में अंतरराष्ट्रीय नर्सेज दिवस की धूम, संजना बनी फैशन शो की क्वीन

  • वेशभूषा प्रदर्शन में संजना प्रथम, भावना-मुस्कान द्वितीय
  • सांस्कृतिक कार्यक्रम में उत्तराखंड प्रथम

देहरादून: श्री गुरु राम राय विश्वविद्यालय के नर्सिंग संकाय द्वारा अंतरराष्ट्रीय नर्स दिवस (१२ मई) को उत्साह, गरिमा और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ मनाया गया। इस अवसर पर नर्सिंग कर्मी तथा छात्र-छात्राओं ने सेवा भावना को दोहराया और फ्लोरेंस नाइटिंगल को श्रद्धांजलि अर्पित की।

कार्यक्रम के मुख्य आकर्षण के रूप में आयोजित वेशभूषा प्रदर्शन में छात्र-छात्राओं ने विभिन्न राज्यों की पारंपरिक पोशाकों में आकर्षक मंच प्रस्तुति दी। प्रतियोगिता में संजना उनियाल प्रथम स्थान पर रहीं, जबकि भावना और मुस्कान ने संयुक्त रूप से द्वितीय स्थान प्राप्त किया। आरोही तृतीय स्थान पर रहीं।

‘प्रादेशिक विविधता’ कार्यक्रम में उत्तराखंड, तिब्बत, मणिपुर, बिहार सहित विभिन्न राज्यों की संस्कृति, लोक नृत्य और पारंपरिक पोशाकों की मनमोहक प्रस्तुतियां दी गईं। प्रतियोगिता में उत्तराखंड को प्रथम, तिब्बत को द्वितीय तथा मणिपुर और बिहार को संयुक्त तृतीय स्थान मिला। इस आयोजन ने ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ की भावना को मजबूत किया। कार्यक्रम का शुभारंभ उत्तराखण्ड नर्सेज एंड मिडवाइव्स काउंसिल की कुलसचिव डॉ. मनीषा ध्यानी, विश्वविद्यालय कुलपति प्रो. (डॉ.) के. प्रतापन, प्रो. डॉ. मालविका कांडपाल, प्रो. डॉ. ओम नारायण त्रिपाठी, डॉ. कीर्ति सिंह तथा नर्सिंग संकाय की डीन प्रो. डॉ. जी. रामालक्ष्मी द्वारा फ्लोरेंस नाइटिंगल के चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया।मुख्य अतिथि डॉ. मनीषा ध्यानी ने कहा कि नर्स केवल उपचार का माध्यम नहीं, बल्कि पीड़ितों के लिए उम्मीद और विश्वास की किरण हैं। कुलपति प्रो. के. प्रतापन ने नर्सों की करुणा और समर्पण को अस्पताल की असली पहचान बताया।

नर्सिंग संकाय की डीन प्रो. डॉ. जी. रामालक्ष्मी ने इस वर्ष की विषयवस्तु ‘हमारी नर्सें, हमारा भविष्य’ पर प्रकाश डाला। ३५० से अधिक छात्र-छात्राओं ने दीप प्रज्ज्वलन के साथ मरीजों की बेहतर सेवा और संवेदनशील देखभाल की शपथ ली।

कार्यक्रम में विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के अलावा सप्ताहभर चली प्रतियोगिताओं के विजेताओं को सम्मानित किया गया।